Category: बच्चों का पोषण

2 साल के बच्चे का शाकाहारी आहार सारणी - baby food chart और Recipe

Published:27 Jul, 2017     By: Salan Khalkho     9 min read

दो साल के बच्चे के लिए शाकाहारी आहार सारणी (vegetarian Indian food chart) जिसे आप आसानी से घर पर बना सकती हैं| अगर आप सोच रही हैं की दो साल के बच्चे को baby food में क्या vegetarian Indian food, तो समझिये की यह लेख आप के लिए ही है| संतुलित आहार चार्ट


2 साल के बच्चे का शाकाहारी आहार सारणी - baby food chart और Recipe - in hindi

दो साल तक के होते-होते बच्चे लगभग सब कुछ खाने लगते हैं। 

हालाँकि अभी भी उनके खानपान से सम्बंधित सावधानी बरतने की जरुरत है। 

उदहारण के लिए आप जो भी खाती हैं, आप का बच्चा वो सब खा पि सकता है। 

स्वधानी बरतनी है सिर्फ इतनी,

की आप का बच्चा जो खाये उसमे मसाला, नमक और चीनी कम रहे। 

एक और बात,

चूँकि आपका बच्चा अभी बहुत छोटा है। उसका शरीर बहुत तीव्र गति से विकसित हो रहा है। इस दौरान आप के बच्चे को अनेक प्रकार के पोषक तत्वों की आवश्यकता पड़ेगी जो उसके अच्छे विकास में सकारात्मक योगदान देंगे।

 

baby food chart and nutrition requirement - in hindi

इसका मतलब,

जरुरी नहीं की वो सब जो आप खाते हो उससे आप के बच्चे की  nutritional requirement पूरी हो सके। इसीलिए बच्चे का healthy and balanced diet सुनिश्चित करने के लिए ऐसा Meal Plan त्यार किया जाये जो आपके बढ़ते बच्चे की सभी पोषक तत्वों की आवश्यकता को पूरी कर सके। Vegetarian Food Chart इसी बात को ध्यान में रख त्यार किया गया है।    

Vegetarian Food Chart - Meal Plan for 2 year old in hindi
Download - Vegetarian food chart/ meal for 2 years old in Hindi [PDF] - संतुलित आहार चार्ट

चूँकि हर बच्चा अनोखा है

हर बच्चे की nutritional requirement अलग होती है। इसीलिए अपने बच्चे को भोजन खिलते वक्त ध्यान रखें की कौन सा आहार आप का बच्चा रूचि से खा रहा है और कौन सा आहार आप के बच्चे के लिए ठीक नहीं है। 

एक diary बनायें जिसमें लिखें की कौन से आहार से आप के बच्चे को Food allergy और कौन सा आहार आप का बच्चा पसंद से खाता है। 

दो साल के बच्चे के आहार में और food chart for babies में अंतर सिर्फ इस बात का होता है की दो साल के बच्चे के आहार में बहुत सारी variety होती है। 

दो साल के बच्चों का दूध भी कम कर दिया जाता है ताकि वो दिन भर दूधा पी कर ही न अपना पेट भर लें। दो साल के बच्चों को दिन भर में सिर्फ एक-से-दो cup दूध ही देना चाहिए। हाँ मगर आप अपने बच्चे को दूध से बने उत्पाद (dairy products) दे सकते हैं। जिन बच्चों को गाय का दूध पसंद नहीं आता, उन्हें भी dairy products पसंद आता है। जैसे की - पनीर, दही, चीज़ और देशी घी। 

यह भी पढ़ें:

आप का बच्चा जितना ज्यादा खाये उतना खिलाये। गिन कर खिलने की आवश्यकता नहीं है। अगर आपका बच्चा fast food या junk food नहीं खा रहा है तो वो कितना भी खा सकता है क्योँकि घर का खाना बहुत बच्चे के लिए सुरक्षित और स्वास्थ्य वर्धक होता है। 

मगर साथ ही अगर आपका बच्चा ज्यादा न खाना मांगे तो जबरदस्ती न खिलाएं। हर बच्चे अलग होते हैं। उसे जितना चाहिए वो खा लेगा। 

जबरदस्ती खिलाएंगे तो बच्चा उलटी कर देगा। वो खाने के प्रति नकारात्मक दृष्टिकोण अपना लेगा और भोजन के नाम से ही भागेगा। फिर तो और मुश्किल हो जायेगा बच्चे को खाना खिलाना।

difficult to feed picky eaters child

पोषक तत्वों (nutrients e.g. vitamins and minerals) के आलावा आहार दो मुख्या चीज़ें होती हैं। 

  • Protein
  • Carbohydrate

बच्चों को प्रोटीन मिलता है दाल से और इसीलिए कई प्रकार के दालों को बच्चे के आहार में समिलित करना चाहिए। उदहारण के तौर पे अरहर, मुंग दाल, चना दाल। बच्चों को प्रोटीन सोया, beans, dry fruits और dairy products से भी मिलता है। इसके आलावा बाजरा और रागी भी बेहतर जरिया है बच्चों के आहार में protein सम्लित करने के। तो चिंता करने की कोई बात नहीं है क्योँकि बहुत सी चीज़ें हैं जिनके द्वारा आप अपने बच्चों को अच्छा-खासा protein दे सकती हैं। 

दो साल के बच्चों के माता-पिता के लिए Tips

  • बच्चों को जरुरत सी ज्यादा न खिलाएं। जब बच्चा न खाना चाहे तो रुक जाएँ। 
  • बच्चों को fast-food और snacks जैसे की आलू की चिप्स वगैरह से दूर रखें। 
  • यह उम्र है बच्चों में खाने से सम्बंधित अच्छी आदतें डालने का। उन्हें सिखाइये और आप के बच्चे जिंदगी भर याद रखेंगे। 
  • बच्चों से आहार के विषय में बातें करें। उन्हें समझएं की पौष्टिक आहार क्या है और junk food क्या है और क्योँ उनकी सेहत के लिए अच्छा नहीं है। 
  • आप खुद भी पौष्टिक आहार ग्रहण करिए, क्योँकि बच्चे माँ-बाप को देख कर बहुत तेज़ी से सीखते हैं। 


Important Note: यहाँ दी गयी जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्‍तविकता सुनिश्‍चित करने का हर सम्‍भव प्रयास किया गया है । यहाँ सभी सामग्री केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि यहाँ दिए गए किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्‍सक से अवश्‍य संपर्क करें। आपका चिकित्‍सक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्‍प नहीं है। अगर यहाँ दिए गए किसी उपाय के इस्तेमाल से आपको कोई स्वास्थ्य हानि या किसी भी प्रकार का नुकसान होता है तो kidhealthcenter.com की कोई भी नैतिक जिम्मेदारी नहीं बनती है।

Latest Articles

khansi-ka-gharelu-upchar

शिशु रोग

12 Tips शिशु की खांसी का घरेलु उपचार - khansi ka gharelu upchar

 
khansi-ka-ilaj

शिशु रोग

बंद नाक में शिशु को सुलाने का आसन तरीका (khansi ka ilaj)

 
sardi-ka-ilaj

शिशु रोग

7 प्राकृतिक औषधि से शिशु की सर्दी का इलाज - Sardi Ka ilaj

 
childrens-day

बच्चों की परवरिश

बाल दिवस पर विशेष लेख - children's day celebration

 
खांसी-की-अचूक-दवा

शिशु रोग

15 आयुर्वेदिक घरेलु नुस्खे शिशु की खांसी की अचूक दवा - Complete Guide

 
khasi-ki-dawa

शिशु रोग

5 घरेलु उपाय शिशु को जुकाम से राहत दिलाने के लिए (khasi ki dawa)

 
बंद-नाक

शिशु रोग

13 जुकाम के घरेलू उपाय (बंद नाक) - डॉक्टर की सलाह

 
जुकाम-के-घरेलू-उपाय

शिशु रोग

5 आसान बंद नाक और जुकाम के घरेलू उपाय

 
कफ-निकालने-के-उपाय

शिशु रोग

बच्चों का भाप (स्‍टीम) के दुवारा कफ निकालने के उपाय

 
ह्यूमिडिफायर-Humidifier

शिशु रोग

ह्यूमिडिफायर (Humidifier) से जुकाम का इलाज - Jukam Ka ilaj

 
पेट्रोलियम-जैली---Vaseline

शिशु रोग

बेबी प्रोडक्ट्स में पेट्रोलियम जैली कहीं कर न दे आप के शिशु को बीमार

 
Khasi-Ke-Upay

शिशु रोग

आराम करने ठीक होता है शिशु का सर्दी जुकाम - Khasi Ke Upay

 
jukam-ki-dawa

शिशु रोग

भाप है जुकाम की दवा और झट से खोले बंद नाक - jukam ki dawa

 
नेबुलाइजर-Nebulizer-zukam-ka-ilaj

शिशु रोग

नेबुलाइजर (Nebulizer) से शिशु के जुकाम का इलाज - Zukam Ka ilaj

 
शिशु-सवाल

शिशु रोग

बच्चों के डॉक्टर से मिलने से पहले इन प्रश्नों की सूचि तयार कर लें

 
खांसी-की-अचूक-दवा

शिशु रोग

बच्चे के बुखार, सर्दी, खांसी की अचूक दवा - Guide

 
पराबेन-(paraben)

शिशु रोग

पराबेन (paraben) क्योँ है शिशु के लिए हानिकारक

 
Khasi-Ki-Dawai

शिशु रोग

घर पे बनाये Vapor rub (वेपर रब) - Khasi Ki Dawai

 
sardi-ki-dawa

शिशु रोग

विटामिन डी है सर्दी जुकाम की दवा - sardi ki dawa

 
खांसी-की-दवा

शिशु रोग

शिशु को बुरी खांसी में दें ये खांसी की दवा

 
सर्दी-जुकाम-की-दवा

शिशु रोग

सर्दी जुकाम की दवा - तुरंत राहत के लिए उपचार

 
Sharing is caring


सर्दी-जुकाम-की-दवा
किस उम्र में शिशु को आइस क्रीम (ice-cream) देना उचित है|

यह जाना बेहद जरुरी है की बच्चे को किस उम्र में आइस क्रीम (ice-cream) दिया जा सकता है।

शिशु-को-आइस-क्रीम
6 से 8 माह के बच्चे के लिए भोजन तलिका

शिशु को ऐसे आहारे देने की आवश्यकता है जिसे उनका पाचन तंत्र आसानी से पचा सके।

भोजन-तलिका
दुबले बच्चे का कैसे बढ़ाए वजन

अपने शिशु का वजन बढ़ने के लिए आप शिशु के लिए diet chart त्यार कर सकते हैं।

शिशु-diet-chart
मखाने के फ़ायदे | Health Benefits of Lotus Seed - Recipes

मखाना ड्राई फ्रूट से भी ज्यादा पौष्टिक है और छोटे बच्चों के लिए बहुत फायेदेमंद भी।

मखाना
भीगे चने खाने के फायदे भीगे बादाम से भी ज्यादा

चने में मिलने वाले यह पोषक तत्व आप के दिमाग को तेज़ करने के साथ ही साथ आप की सुंदरता और चेहरे की रौनक भी बढ़ाते हैं।

भीगे-चने
5 कारण स्तनपान के दौरान शिशु के रोने के

जानिए शिशु के रोने के पांच कारण और उन्हें दूर करने के तरीके।

शिशु-क्योँ-रोता
15 अदभुत फायेदे Vitamin C के

विटामिन सी, या एस्कॉर्बिक एसिड, सबसे प्रभावी और सबसे सुरक्षित पोषक तत्वों में से एक है

Vitamin-C-benefits
विटामिन C का महत्व शिशु के शारीरिक विकास में

जाने की बच्चों के लिए विटामिन सी की कितनी मात्र आवश्यक है और क्योँ?

विटामिन-C
बच्चे के उम्र के अनुसार शिशु आहार - सात से नौ महीने

शिशु के पाचन तंत्र के मजबूत बनने में इस प्रकार के आहार बहुत महत्व पूर्ण भूमिका निभाते हैं।

शिशु-आहार
शिशु में कैल्शियम के कम होने का लक्षण और उपचार

बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास में कैल्शियम एहम भूमिका निभाता है|

शिशु-में-कैल्शियम-की-कमी
29 शिशु आहार जो बनाने में आसान

रसोई में जो वस्तुएं पहले से मौजूद हैं उनकी ही मदद से आप बढ़िया, स्वादिष्ट और पौष्टिक शिशु आहार बना सकती हैं।

शिशु-आहार
शिशु के लिए हानिकारक आहार

जानिए की वो कौन से आहार हैं जो आप के बच्चों के लिए हानिकारक हैं|

हानिकारक-आहार
बच्चों में अंगूर के स्वास्थ्य लाभ

बढते बच्चों में अंगूर से होने वाले फायेदे

अंगूर-के-फायेदे
अंगूर को आसानी से किस तरह छिलें

अब आप बिना समस्या के आसानी से अंगूर का छिलका उत्तार सकेंगे|

अंगूर-को-आसानी-से-किस-तरह-छिलें-
6 माह के बच्चे का baby food chart और Recipe

6 महीने के बच्चे का आहार - 6 month baby Food Chart-Meal Plan

दूध-के-फायदे
10 माह के बच्चे का baby food chart (Indian Baby Food Recipe)

दस साल के बच्चे को आहार में क्या खाने को दें - आहार सरणी (food chart)

10-month-baby-food-chart
9 माह के बच्चे का baby food chart - Indian Baby Food Recipe

नौ माह का बच्चा आसानी से कई प्रकार के आहार आराम से ग्रहण कर सकता है - शिशु आहार सारणी

9-month-baby-food-chart-
2 साल के बच्चे का शाकाहारी आहार सारणी - baby food chart और Recipe

इस लेख में आप पड़ेंगे दो साल के बच्चे के लिए vegetarian Indian food chart जिसे आप आसानी से घर पर बना सकती हैं|

शाकाहारी-baby-food-chart
11 माह के बच्चे का baby food chart (Indian Baby Food Recipe)

11 महीने के बच्चे का आहार सारणी इस तरह होना चाहिए की कम-से-कम दिन में तीन बार ठोस आहार का प्रावधान हो|

11-month-baby-food-chart
8 माह के बच्चे का baby food chart और Indian Baby Food Recipe

इस लेख में आप जानेगे की ८ महीने के बच्चे को आहार देने का सही तरीका क्या है।

8-month-baby-food
12 माह के बच्चे का baby food chart (Indian Baby Food Recipe)

बढ़ते बच्चों के माँ-बाप को अक्सर यह चिंता रहती है की उनके बच्चे को सम्पूर्ण पोषक तत्त्व मिल पा रहा है की नहीं?

12-month-baby-food-chart
2 साल के बच्चे का मांसाहारी food chart और Recipe

इस लेख में आप पड़ेंगे दो साल के बच्चे के लिए non-vegetarian Indian food chart जिसे आप आसानी से घर पर बना सकती हैं|

मांसाहारी-baby-food-chart
सूजी का हलवा है बेहतरीन हिंदुस्तानी baby food

बनाने में यह बेहद आसान और पोषण (nutrition) के मामले में इसका कोई बराबरी नहीं।

सूजी-का-हलवा
घर पे करें त्यार बच्चों का आहार

2 साल से कम उम्र के बच्चों को घर का बना शिशु-आहार (baby food) ही दिया जाना चाहिए।

घर-पे-त्यार-बच्चों-का-आहार
6 माह से पहले ठोस आहार है बच्चे के लिए हानिकारक

समय से पहले बच्चों में ठोस आहार की शुरुआत करने के फायदे तो कुछ नहीं हैं मगर नुकसान बहुत हैं|

6-माह-से-पहले-ठोस-आहार
7 माह के बच्चे का baby food chart और Indian Baby Food Recipe

यह निर्धारित करने के लिए की बच्चे को सुबह, दोपहर और शाम को क्या खाने को दें|

7-month-के-बच्चे-का-baby-food
बच्चों को बचाये एलेर्जी से भोजन के तीन दिवसीय नियम

बच्चों में ठोस आहार शुरू करते वक्त यह सावधानियां बरतें

तीन-दिवसीय-नियम
3 साल तक के बच्चे का baby food chart

अक्सर माताओं के लिए यह काफी चुनौतीपूर्ण रहता है की 3 साल के बच्चे को क्या पौष्टिक आहार दें

3-years-baby-food-chart-in-Hindi
बच्चों को बीमार न कर दे ज्यादा नमक और चीनी का सेवन

बच्चों में जरूरत से ज्यादा नमक और चीनी का सावन उन्हें मोटापा जैसी बीमारियोँ के तरफ धकेल रहा है|

नमक-चीनी
इन चीज़ों की आवशकता पड़ेगी आपको बच्चे में ठोस आहार की शुरुआत करते वक्त

बच्चे को ठोस आहार खिलाने के लिए किन सही वस्तुओं की आवश्यकता पड़ेगी आपको

ठोस-आहार-के-लिए-वस्तुएं
बेबी फ़ूड खरीदते वक्त बरतें यह सावधानियां

बेबी फ़ूड खरीदते वक्त निम्न बातों का रखें ख्याल| चाहे बेबी फ़ूड अच्छे ब्रांड का ही क्यों न हो

बेबी-फ़ूड-खरीदते-वक्त-बरतें-सावधानियां
6 महीने से पहले बच्चे को पानी पिलाना है खतरनाक

शिशु में पानी की शुरुआत 6 महीने के बाद की जानी चाहिए।

6-महीने-से-पहले-बच्चे-को-पानी-पिलाना-है-खतरनाक
माँ का दूध छुड़ाने के बाद क्या दें बच्चे को आहार

बच्चों में माँ का दूध कैसे छुड़ाएं और उसके बाद उसे क्या आहार दें ?

बच्चे-को-आहार
बच्चों के मजबूत हड्डियों के लिए उत्तम आहार

आहार जिनसे मिले बच्चों को कैल्शियम और आयरन से भरपूर पोषक तत्व

मजबूत-हड्डियों-के-लिए-आहार
6 से 12 वर्ष के शिशु को क्या खिलाएं - Indian Baby food diet chart

ठोस भोजन की शुरुआत का सही तरीका - The right way to start solid food in 5 to 6 month old baby

6-से-12-वर्ष-के-शिशु-को-क्या-खिलाएं
ठोस आहार की शुरुआत

ठोस आहार की शुरुआत करते वक्त कौन सा भोजन कब दिया जाना चाहिये

ठोस-आहार
क्यों होते हैं बच्चें कुपोषण के शिकार?

उचित पोषण न मिलना ही कुपोषण हैं। बच्चों को कुपोषण से बचने का आसान तरीका

बच्चो-में-कुपोषण
क्या शिशु को शहद देना सुरक्षित है?

विटामिन और मिनिरल से भरपूर, बढ़ते बच्चों को शहद देने के 8 फायदे हैं|

शहद-के-फायदे
बच्चों में वजन बढ़ाने के आहार

यदि आपका बच्चा कमज़ोर है तो यहां दिए खाद्य वस्तुयों का प्रयोग आपके बच्चे का वजन बढ़ाने के लिए कारगर होगा।


How to Plan for Good Health Through Good Diet and Active Lifestyle

Be Active, Be Fit