Category: बच्चों की परवरिश

प्रेगनेंसी में बालों को डाई (hair Dye) करते वक्त बरतें ये सावधानियां

By: Admin | 7 min read

गर्भावस्था के दौरान बालों पे हेयर डाई लगाने का आप के गर्भ में पल रहे शिशु के विकास पे बहुत बुरा प्रभाव पड़ता है। साथ ही इसका बुरा प्रभाव आप के शारीर पे भी पड़ता है जिसे आप एलर्जी के रूप में देख सकती हैं। लेकिन आप कुछ सावधानियां बरत के इन दुष्प्रभावों से बच सकती हैं।

प्रेगनेंसी में बालों को डाई (hair Dye) करते वक्त बरतें ये सावधानियां

प्रेगनेंसी में बालों को डाई (hair Dye) करते वक्त बरतें ये सावधानियां

क्या आपने कभी  यह सोचा है,

की गर्भावस्था के दौरान  बालों को डाई करना,  पेट में पल रहे बच्चे के लिए सुरक्षित है -  या -  नहीं?

अगर यह सवाल कभी भी आपके मन में आया होगा,  तो आपका सोचना जायज है।

बालों में इस्तेमाल की जाने वाली हेयर डाई को बनाने में तरह-तरह के टॉक्सिक केमिकल का इस्तेमाल किया जाता है।  इनके विपरीत प्रभाव को, कुछ लोगों के शरीर पर कई तरह से एलर्जी के रूप में देखने को मिल सकता हैं। 

तो सोचने वाली बात है,  कि गर्भ में पल रहे बच्चे पर क्या इसका प्रभाव पड़ेगा! 

जाहिर है कि हेयर डाई में इस्तेमाल होने वाले टॉक्सिक केमिकल का बच्चों पर बहुत ही बुरा विपरीत प्रभाव पड़ सकता है। 

हर मां के लिए  उसके बच्चे की सेहत  उसकी सबसे बड़ी प्राथमिकता होती है। 

जाहिर सी बात है,  कि सवाल जब पेट में पल रहे बच्चे की सेहत का है, तो कौन मां जोखिम उठाना चाहेगी?

इस लेख में हम आपको हेयर डाई से संबंधित कुछ सच्चाई और कुछ मिथक से आपका अवगत कराना चाहते हैं:

इस लेख में: 

  1. हेयर डाई से संबंधित विशेषज्ञों की राय
  2. हेयर डाई से संबंधित विशेषज्ञों की राय
  3. बालों को रंगने  के दूसरे विकल्प
  4. हर्बल डाई का इस्तेमाल करें
  5. गर्भावस्था में बालों को रंगने का प्राकृतिक तरीका अपनाएं
  6. हल्के रंगों ( हेयर डाई) का इस्तेमाल करें
  7. हेयर डाई लगाते वक्त ये सावधानियां बरतें

क्या गर्भावस्था में हेयर डाई सुरक्षित है?

सच बात तो यह है कि हेयर डाई एक बहुत ही सुरक्षित प्रक्रिया है,  लेकिन फिर भी अगर आप गर्भवती हैं तो सावधानी बरतना जरूरी है।   

क्या गर्भावस्था में हेयर डाई सुरक्षित है

हेयर डाई पर हुए शोध में यह बात सामने आई है कि जब आप  हेयर डाई लगाती हैं तो उस दौरान आपके शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता के स्तर में थोड़ी कमी आती है। 

शोध में यह पता लगा है कि जब आप हेयर डाई का इस्तेमाल करती हैं तो हेयर डाई की बहुत थोड़ी सी मात्रा शरीर में आपकी त्वचा के द्वारा अवशोषित होती है।  

आपका शरीर हेयर डाई में मौजूद टॉक्सिक केमिकल का सामना करने में सक्षम है।  लेकिन हेयर डाई लगाते वक्त हेयर डाई से निकलने वाली जहरीली हवा आपकी सांसों के द्वारा आपके शरीर में जाती है।

आपका शिशु आपके द्वारा सांस लेता है,  तो हेयर डाई लगाने से आपके शिशु के विकास पर थोड़ा प्रभाव पड़ सकता है।  

हेयर डाई में अमोनिया  एक मुख्य तत्व है और यह एक जहरीला तत्व है। अमोनिया कि खास बात यह होता है कि यह बहुत तेजी से वाष्प विकृत हो जाता है।  

जिस वजह से यह बहुत ही आसानी से हवा में मिल जाता है और आपके शरीर में सांस लेने के जरिए प्रवेश कर जाने की संभावना रहती है। 

हेयर डाई से संबंधित विशेषज्ञों की राय

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार प्राकृतिक हेयर डाई,  केमिकल हेयर डाई की तुलना में ज्यादा सुरक्षित हैं,  विशेषकर अगर आप गर्भवती हैं तो।  इसीलिए हेयर डाई लगाते वक्त आप निम्न सावधानियां बरतनी हैं:

गर्भावस्था के दौरान हेयर डाई का बहुत ही सीमित इस्तेमाल करें।

बालों को रंगने के दूसरे विकल्प

हेयर डाई  को इस्तेमाल करने से पहले उस के डब्बे पर उसकी सामग्री के बारे में  जरूर पढ़ ले।  अगर हेयर डाई में अमोनिया का इस्तेमाल किया गया है तो उसे इस्तेमाल ना करें।  

अगर आप किसी हेयर डाई का इस्तेमाल लगातार कर रही हैं तो भी हर कुछ महीनों पर उसके सामग्री की जांच करें।  क्योंकि हेयर डाई की सामग्री में हर कुछ समय पर कुछ बदलाव होते हैं। 

इसके इस्तेमाल करने से पहले आपको उसकी सामग्री में  किसी नए बदलाव के बारे में पहले से पता चल जाएगा।  जिससे आप अपने आप को और अपने होने वाले शिशु को सुरक्षित रख सकती हैं। 

प्रेगनेंसी में बालों को डाई (hair Dye) करते वक्त बरतें ये सावधानियां

हालांकि की हेयर डाई में  इस्तेमाल होने वाले समाग्री में बदलाव बेहतरी के लिए किए गए होंगे,  लेकिन जरूरी नहीं की गर्भवती स्त्री के लिए यह फायदेमंद हो।

कुछ पुराने हेयर डाई में कोलतार (coal-tar) का इस्तेमाल होता था। यह इंसान के शरीर के लिए बिल्कुल सही नहीं है। इनका शरीर पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ता था।  

इन्हें carcinogenic तत्वों के नाम से जाना जाता है।  और इनका शिशु के विकास पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ता है।  

बदलते समय के साथ कई देशों में,  हेयर डाई के निर्माण में कोलतार (coal-tar) को प्रतिबंधित कर दिया गया है।  

आज कल बाजार में उपलब्ध अधिकतर हेयर डाई  में इस्तेमाल की गई सामग्रियों में कोलतार (coal-tar) का इस्तेमाल नहीं किया जाता है। 

बालों को रंगने  के दूसरे विकल्प

अगर आपके लिए आपके बाल  रंगना आवश्यक है, तो आप दूसरी विकल्पों के बारे में भी सोच सकती हैं।  आपके लिए हेयर डाई का इस्तेमाल करना ही एकमात्र विकल्प नहीं है।  

बालों को रंगने के दूसरे विकल्प उतने ही कारगर है जितना कि हेयर डाई का इस्तेमाल।  सबसे विशेष बात तो यह है के आपके शरीर के लिए ज्यादा सुरक्षित हैं और आप इन्हें सुरक्षित रूप से गर्भावस्था के दौरान भी इस्तेमाल कर सकती हैं।

हेयर डाई से संबंधित विशेषज्ञों की राय

बालों को हेयर डाई करने के लिए अपने Second Trimester   तक का इंतजार करें

बालों को हेयर डाई करने का उचित समय तब है जब आप  अपने Second Trimester में प्रवेश करती हैं।  आपके गर्भावस्था के पहले 3 महीने बहुत ही महत्वपूर्ण है।  

गर्भावस्था के पहले 3 महीने में शिशु का विकास बहुत ही तीव्र गति से होता है।  इन 3 महीनों में शिशु के महत्वपूर्ण अंगों का, मांसपेशियों का, और बालों का निर्माण होता है। 

इस दौरान बालों को हेयर डाई करने का जोखिम उठाना उचित नहीं होगा। अभी तक किसी भी अध्ययन के द्वारा यह प्रमाणित नहीं किया जा सका है कि  हेयर डाई की केमिकल शरीर की त्वचा को भेदकर शरीर में प्रवेश करती हैं। 

 लेकिन हेयर डाई इस्तेमाल करने वाले लोगों में,  हेयर डाई के इस्तेमाल करने के तुरंत बाद कुछ साइड इफेक्ट  को देखा जा सकता है। 

इससे यह बात तो प्रमाणित है कि हेयर डाई को इस्तेमाल करने से  शरीर पर कुछ तो विपरीत प्रभाव पड़ता है।  इसीलिए गर्भावस्था के दौरान हेयर डाई का इस्तेमाल समझदारी की बात तो नहीं है। 

हर्बल डाई का इस्तेमाल करें

बालों को रंगने के लिए हर्बल हेयर डाई सबसे सुरक्षित तरीका है।  हर्बल हेयर डाई चुकी वनस्पति का बना होता है, उसमें किसी भी प्रकार के हानिकारक केमिकल नहीं होते हैं।  

हर्बल डाई का इस्तेमाल करें

इन हानिकारक केमिकल के ना होने की वजह से यह ना तो  बालों को खराब करते हैं और ना ही सेहत बिगाड़ते हैं। हर्बल हेयर डाई से किसी भी प्रकार का बुरा प्रभाव नहीं पड़ता है जैसे कि एलर्जी। 

गर्भावस्था में बालों को रंगने का प्राकृतिक तरीका अपनाएं

गर्भावस्था के दौरान बालों को प्राकृतिक तरीके से रंगना एक समझदारी भरा कदम होगा।  उदाहरण के लिए बालों को डाई करने के लिए हेयर डाई की उपेक्षा हिना (mehndi) का इस्तेमाल करें। 

गर्भावस्था में बालों को रंगने का प्राकृतिक तरीका अपनाएं

मेहंदी एक प्राकृतिक हेयर डाई है। इसमें ना तो किसी प्रकार का हानिकारक केमिकल है और ना ही carcinogenic तत्वों का इस्तेमाल किया गया है।  

  • बालों को रंगने के लिए मेहंदी के इस्तेमाल से आपके गर्भ में पल रहे शिशु पर कोई बुरा प्रभाव नहीं पड़ता है। 
  • मेहंदी को बाल रंगने के लिए इस्तेमाल करने का तरीका
  • मेहंदी को लोहे के बर्तन में रात भर पानी में भिगोकर छोड़ दें।
  • सुबह मेहंदी के भीगे हुए पत्तों को मिक्सी (food processor) में पीस लें। 
  • पिसे हुए मेहंदी को बालों के ब्रश की सहायता से बालों में एक समान (evenly) तरीके से लगाएं। 
  • ज्यादा बेहतर नतीजों के लिए आप मेहंदी में चाय की पत्ती और अंडे भी मिला सकती है।

हल्के रंगों ( हेयर डाई) का इस्तेमाल करें

बालों को डाई करने के लिए अगर आप हेयर डाई के बारे में सोच रही हैं तो ऐसे हेयर डाई का इस्तेमाल करें जिसमें अमोनिया का इस्तेमाल नहीं किया गया है।  

इससे अमोनिया के बुरे प्रभाव से आपका शरीर और आपका शिशु दोनों सुरक्षित रहेंगे। 

हल्के रंगों ( हेयर डाई) का इस्तेमाल करें

गर्भावस्था के दौरान बालों को डाई करने के लिए हल्के रंगों (semi- permanent colors) का इस्तेमाल भी अच्छा विकल्प है। अधिकांश हल्के रंगों में  carcinogenic तत्वों का इस्तेमाल  नहीं होता है। 

बालों को डाई करते वक्त ऊपर दी गई बातों का ध्यान रखने से आप अपने शरीर को सुरक्षित रख सकती है तथा अपने गर्भ में पल रहे शिशु को भी। इसके अलावा भी कुछ महत्वपूर्ण बातें हैं जिनका आप ध्यान रख सकती हैं। 

हेयर डाई लगाते वक्त ये सावधानियां बरतें

  1. हालांकि अध्ययन में बड़े ब्रांड के हेयर डाई में किसी भी प्रकार के टॉक्सिक केमिकल के प्रयोग को प्रमाणित नहीं किया जा सका है।  लेकिन  फिर भी जहां तक हो सके आप इनका इस्तेमाल बहुत सीमित मात्रा में करें। 
  2. हेयर डाई को इस्तेमाल करने से पहले उसके डब्बे पर लिखी सभी जरूरी निर्देशों को  सावधानीपूर्वक पढ़ ले।हेयर डाई लगाते वक्त ये सावधानियां बरतें
  3. बालों को डाई करने के लिए सस्ते ब्रांड की हेयर डाई का इस्तेमाल ना करें।
  4. हेयर डाई को बालों पर लगाते वक्त अपने हाथों में ग्लव्स (gloves) का इस्तेमाल करें। 
  5. हेयर डाई सीधे बालों पर लगाएं।  जितना हो सके सिर की त्वचा पर डाई को लगाने से बचें।  इससे डाई आपकी त्वचा  के संपर्क में नहीं आएगा और त्वचा को भेदकर आपके  शरीर में प्रवेश नहीं कर पाएगा। 
  6. हेयर डाई का इस्तेमाल आंखों की पंखुड़ियों पर बिल्कुल ना करें।  ऐसा करने पर सूजन और संक्रमण का खतरा है। 
  7. बालों पर बहुत देर तक हेयर डाई लगा हुआ ना छोड़ें।   हेयर डाई लगाने के 15 मिनट या 20 मिनट के भीतर बालों को धो लें। 
  8. हेयर डाई लगाते वक्त खुली जगह पर बैठे - जैसे कि घर का आंगन यह  छत। 
  9. हेयर डाई लगाने के बाद बालों को अच्छी तरह से धोएं जिससे शरीर को इनकी अवशेषों को सोखने का मौका ना मिले। 
  10. हेयर डाई लगाते वक्त ना तो कुछ खाएं और ना ही कुछ पियें।  ऐसा करने पर शरीर में हेयर डाई के पहुंचने की संभावना बहुत बढ़ जाती है। 
  11. गर्भावस्था के दौरान बालों की गुणवत्ता में बदलाव आता है।  बाल रूखे हो सकते हैं और इस वजह से उतना अच्छी तरह से  इन पर डाई नहीं चढ़ता है।   कई बार दोबारा हेयर डाई इस्तेमाल करने की आवश्यकता पड़ती है।
  12. अगर आपको इसकी जरूरत महसूस पड़े तो हेयर डाई इस्तेमाल करने से पहले एक बार अपने डॉक्टर की राय जरूर ले ले। गर्भावस्था के दौरान बहुत ज्यादा हेयर डाई का इस्तेमाल ना करें।  कभी कभार हेयर डाई का इस्तेमाल ज्यादा सुरक्षित है। 
  13. अच्छी  ब्रांड की हेयर डाई में  गुणवत्ता वाले रंगों का प्रयोग किया जाता है,  तथा इसमें टॉक्सिक केमिकल का भी इस्तेमाल कम होता है जिस वजह से यह कम हानिकारक है। 

गर्भावस्था के दौरान  अगर आप बालों पर हेयर डाई लगाने का मन बनाती है, तो हर प्रकार की सुरक्षा का  ख्याल रखें।  सावधानी बरतें सुरक्षित रहें।

गर्भावस्था के दौरान बालों को हेयर डाई करने से संबंधित अगर आपके पास कोई अच्छी टिप्स है जिसे आप दूसरी गर्भवती महिलाओं के साथ बांटना चाहेंगी तो हमें नीचे लिखे कमेंट बॉक्स में अवश्य बताएं। 

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