Category: स्वस्थ शरीर

सावधान - ये आहार माइग्रेन के दर्द को बढ़ाते हैं - इनसे बचे

By: Research & Analysis Team | 15 min read

जिस तरह से कुछ आहार माइग्रेन के दर्द को कम करने में सहायता करते हैं ठीक उसी तरह कुछ ऐसे आहार भी हैं जो माइग्रेन के दर्द को और बढ़ा देते हैं। अगर आप माइग्रेन की समस्या से परेशान हैं तो कुछ आहार को खाने से परहेज कर आप माइग्रेन की समस्या से बहुत हद तक आराम पा सकती है। इस लेख में हम आपको बताएंगे कि वह कौन कौन से आहार हैं जिन्हें आप खाने से बचें अगर आपको माइग्रेन की समस्या है या आपके घर में कोई भी माइग्रेन की समस्या से पीड़ित है।

ये आहार माइग्रेन के दर्द को बढ़ाते हैं

दुनिया में अरबो लोग माइग्रेन की समस्या से पीड़ित है। 

अच्छा आहार और सही जीवन शैली स्वास्थ्य को कई प्रकार से प्रभावित करते हैं या यूं कहें कि उसे ठीक रखने में सहायता करते हैं।  लेकिन जब आहार और जीवनशैली ठीक ना हो तब व्यक्ति कई प्रकार की बीमारियों से ग्रसित हो जाता है। 

माइग्रेन एक ऐसी स्थिति है जो खराब आहार और खराब जीवनशैली दोनों की वजह से होता है। माइग्रेन से बड़े ही नहीं, वरन, बच्चे भी प्रभावित होते हैं। 

लेकिन,

हर व्यक्ति में माइग्रेन की वजह अलग अलग हो सकती है।  उदाहरण के लिए अगर कुछ आहार ओं की वजह से आप पाए कि आपके माइग्रेन की समस्या बढ़ जाती हैं तो जरूरी नहीं कि उन्हें  आहारों  के द्वारा दूसरे भी माइग्रेन की समस्या का सामना कर सकते हैं। इसका मतलब यह है कि हम यहां कुछ ऐसे आहार के बारे में बता रहे हैं  जिन्हें खाने से माइग्रेन की संभावना बढ़ जाती है लेकिन जरूरी नहीं की इन्हें खाने से हर व्यक्ति को माइग्रेन की समस्या हो ही। 

इस लेख में:

  1. माइग्रेन क्या है?
  2. माइग्रेन क्यों होता है?
  3. आहार किस तरह माइग्रेन को प्रभावित करते हैं?
  4. क्यों महिलाओं को माइग्रेन की समस्या  से ज्यादा पीड़ित होती हैं?
  5. आहार जो माइग्रेन की समस्या को बढ़ाते हैं
  6. कॉफी (कैफीन)
  7. कृत्रिम मिठास
  8. एल्कोहल का सेवन
  9. चॉकलेट
  10. अजीनोमोटो Monosodium glutamate(MSG)
  11. चीज - aged cheese
  12. आचार
  13. माइग्रेन से बचने का तरीका  -उपाय - उपचार

माइग्रेन क्या है

                        माइग्रेन क्या है?

                        यह एक शारीरिक अवस्था है या एक प्रकार का डिसऑर्डर है जिसमें फिरकी एक और तेज दर्द का अनुभव होता है और साथ ही चक्कर उल्टी और थकान भी आता है। माइग्रेन की इन लक्षणों की वजह से और दूसरी अन्य बीमारियों की संभावना भी बढ़ जाती है। 

                        माइग्रेन क्यों होता है

                        माइग्रेन क्यों होता है?

                         माइग्रेन तब होता है जब सिर के अंदर मौजूद रक्त नलिका ओं के सिकुड़ने से  मस्तिष्क के कुछ हिस्सों में रक्त का संचार कम हो जाता है।  इसकी वजह से व्यक्ति को सूनापन तथा दृष्टि दोष की समस्या भी होती है।  इसके साथ ही सिर के बाहर स्थित रक्त  नलिकाएं फैलने लगती है जिससे सिर में बहुत तेज दर्द होता है। माइग्रेन की  मुख्य की वजह है सीरोटोनिन नामक न्यूरोट्रांसमीटर का स्राव। इस न्यूरोट्रांसमीटर के स्राव की वजह है शरीर में मैग्नीशियम की कमी या हार्मोन और मौसम में बदलाव। 

                        आहार किस तरह माइग्रेन को प्रभावित करते हैं

                        आहार किस तरह माइग्रेन को प्रभावित करते हैं?

                          जैसा आपने पढ़ा कि शरीर में मैग्नीशियम की कमी से या हार्मोन की वजह से सीरोटोनिन नामक न्यूरोट्रांसमीटर का स्राव  बढ़ जाता है  जो आगे चलकर माइग्रेन की समस्या को पैदा करता है।   अगर आप ऐसे आहार ओं को खाते हैं जो आपके शरीर में सीरोटोनिन नामक न्यूरोट्रांसमीटर का स्राव  को बढ़ाता है तो  आप में माइग्रेन की संभावना बढ़ जाती है।  लेकिन अगर आप ऐसे हारों का सेवन करती हैं जो आपके शरीर में सीरोटोनिन नामक न्यूरोट्रांसमीटर का स्राव  को कम करता है तो अगर आप माइग्रेन की समस्या से पीड़ित है तो उसमें आपको आराम मिलेगा। 

                        क्यों महिलाओं को माइग्रेन की समस्या से ज्यादा पीड़ित होती हैं

                        क्यों महिलाओं को माइग्रेन की समस्या  से ज्यादा पीड़ित होती हैं?

                         शरीर में सीरोटोनिन नामक न्यूरोट्रांसमीटर के स्राव  की एक वजह हार्मोन में बदलाव भी है।  और अगर आप गौर करें तो आप  पाएंगी की पुरुषों की तुलना में महिलाओं के शरीर में हार्मोन का बदलाव ज्यादा होता है। कुछ वैज्ञानिकों का मानना है कि महिलाएं माइग्रेन की समस्या से इसलिए ज्यादा पीड़ित होती हैं क्योंकि उनके मस्तिष्क में  serotonin नामक रसायन स्थिति में बदलाव ज्यादा होता है।  serotonin  एक प्रकार का हार्मोन है जो दुख में और अवसाद की स्थिति में अहम भूमिका निभाता है। स्त्रियां कई प्रकार की इमोशन यानी मनोभावों से  पुरुषों के मुकाबले  ज्यादा गुजरती हैं।  इस वजह से भी उनके माइग्रेन की समस्या से पीड़ित होने की संभावना बढ़ जाती है। 

                        आहार जो माइग्रेन की समस्या को बढ़ाते हैं

                        आहार जो माइग्रेन की समस्या को बढ़ाते हैं

                         अब मैं आपको बताने जा रहा हूं के बारे में माइग्रेन की समस्या हो सकती है। इन सभी के सेवन से जरूरी नहीं कि आपको माइग्रेन की समस्या का सामना करना पड़े।  लेकिन यह आहार ऐसे हैं जिन्हें वैज्ञानिकों ने पाया है कि यह कुछ लोगों में माइग्रेन की समस्या को पैदा करने में सक्षम है।  इसीलिए जब आप इन  आहारों को ग्रहण करें  तो बहुत ध्यानपूर्वक इस बात का निरीक्षण करें कि उसे ग्रहण करने के बाद कहीं आपके सिर में दर्द तो नहीं हो रहा है।  जरूरी नहीं कि इन सभी आधारों को ग्रहण करने से आपके सिर में दर्द हो।  लेकिन अगर इनमें से कुछ आहार भी ऐसे आपको पता चले जिनकी वजह से आपके सिर में दर्द बढ़ जाता है तो आप उन आहार ओं का सेवन कम कर दे या ना करें।

                        कॉफी (कैफीन) और मिग्राने का इलाज

                        कॉफी (कैफीन)

                         कॉफी में अत्यधिक मात्रा में कैफीन होता है।  कैफ़ीन माइग्रेन का जाना माना वजह है।  अत्यधिक मात्रा में कैफीन का सेवन या फिर अगर आप हर दिन कॉफी पीती हैं और अचानक से कॉफी पीना बंद कर दे तो भी आपको माइग्रेन की समस्या का सामना करना पड़ सकता है।  आपको सुनकर ताज्जुब होगा लेकिन सच बात तो यह है कि सर दर्द में काफी मदद करता है -  सर के दर्द को कम करता है।  कभी-कभार कॉफी का सेवन आराम पहुंचाता है।  लेकिन  अगर आप एक बार इस पर निर्भर हो गई तो इसकी वजह से आपको काफी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है।   आहार जिम में कैफीन पाया जाता है -  इस प्रकार से हैं -  कॉफी,  चाय, चॉकलेट और कोल्ड ड्रिंक।

                        कृत्रिम मिठास और मिग्राने का दर्द

                        कृत्रिम मिठास

                           बाजार में उपलब्ध अधिकांश तयार आहारों में कृत्रिम मिठास  का इस्तेमाल होता है। साथ ही जो लोग डायबिटीज की समस्या से परेशान हैं वे भी  वह भी कृत्रिम मिठास का इस्तेमाल करते हैं चीनी को कम करने के लिए।  लेकिन अफसोस,  वैज्ञानिकों ने पाया है कि कृत्रिम मिठास  का सेवन माइग्रेन की समस्या को बढ़ावा देता है। 

                        एल्कोहल का सेवन और मिग्राने

                        एल्कोहल का सेवन

                        माइग्रेन की समस्या से पीड़ित 25% लोगों में माइग्रेन की समस्या की वजह अल्कोहल का सेवन पाया गया है।  अल्कोहल की वजह से माइग्रेन की समस्या उन लोगों को ज्यादा होती है जो लोग रेड वाइन या बियर (Red wine and beer) पीते हैं। एल्कोहल पीने से शरीर में डिहाइड्रेशन होता है जिसकी वजह से दिमाग में बहुत तेज दर्द होता है। 

                        चॉकलेट migrane

                        चॉकलेट

                        अगर हम आंकड़ों पर गौर करें तो पाएंगे कि अल्कोहल के बाद दूसरी सबसे बड़ी वजह - जिसकी वजह से  लोगों को माइग्रेन की समस्या का सामना करना पड़ता है -  वह है चॉकलेट का सेवन।  करीब 22% लोग जिन्हें माइग्रेन की समस्या है,  उनकी वजह है चॉकलेट का सेवन। चॉकलेट में beta-phenylethylamine नामक रसायन होता है जो माइग्रेन की समस्या को पैदा करता है।

                        अजीनोमोटो Monosodium glutamate(MSG)

                        अजीनोमोटो Monosodium glutamate (MSG) 

                        अजीनोमोटो प्राकृतिक रूप से हमारे शरीर में पहले से मौजूद है।  या बहुत प्रकार के आहार में भी पाया जाता है।  कई बार आहार तैयार करते वक्त इन्हें अलग से भी मिलाया जाता है। विज्ञानिक इसे आहार के रूप में सुरक्षित मानते हैं।  लेकिन कुछ वैज्ञानिकों ने पाया है कि इनकी सेवंथ से माइग्रेन की समस्या की पैदा होती है।  आंकड़ों के अनुसार 10 से 15% माइग्रेन की समस्या से जूझ रहे लोगों की वजह -  आहार में अजीनोमोटो का सेवन है। 

                        चीज - aged cheese

                        चीज - aged cheese

                        चीज - aged cheese मैं एक प्रकार का पदार्थ पाया जाता है  जिस tyramine  कहते हैं। चीज - aged cheese को बनाने की प्रक्रिया में इस पदार्थ का उत्पादन होता है जब बैक्टीरिया प्रोटीन को तोड़ता है।  चीज में जितना ज्यादा tyramine  होगा,  वह उतना ज्यादा माइग्रेन की समस्या को पैदा करने में सक्षम होगा। 

                        आचार

                        आचार

                         भारतीय आहार चारों के बिना अधूरे हैं।  लेकिन क्या आपको पता है कि कुछ लोगों में अचार की वजह से माइग्रेशन की समस्या भी हो सकती हैं।  जिस तरह से चीज में tyramine  पाया जाता है।  ठीक उसी तरह से आचार में भी tyramine  पाया जाता है।  

                        माइग्रेन से बचने का तरीका -उपाय - उपचार

                        माइग्रेन से बचने का तरीका - उपाय - उपचार 

                         माइग्रेन काफी दुखदाई होता है और यह दैनिक जीवन को प्रभावित कर सकता है। जीवन शैली में थोड़ा सा बदलाव करके आप माइग्रेन के तकलीफ से बच सकते हैं।  ऊपर बताए गए आहारों का सेवन कम कर आप  माइग्रेन की संभावना को कम कर सकते हैं।  इसके साथ ही कुछ और बातों का भी ख्याल रख कर माइग्रेन में आराम पा सकते हैं। 

                        • अगर आप माइग्रेन की समस्या से पीड़ित हैं तो बहारों को कभी ना छोड़े,  हर दिन समय पर आहार ग्रहण करें और उपवास रखने से बचें।
                        •  कॉफी और ऐसे आहार ओं का सेवन कम कर दें जिसमें कैफीन की मात्रा है।
                        •  पर्याप्त आराम करें। 
                        •  दैनिक जीवन में उन चीजों से बचे जिनसे तनाव की स्थिति पैदा होती है
                        •  बहुत तेज रोशनी से दूर रहे,  देर तक सूरज की रोशनी में खड़े नहीं रहे,  टीवी और कंप्यूटर का इस्तेमाल कम करें।
                        •  ऐसे आहार ओं से भी बचें जिन से एलर्जी की संभावना बनती है

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