Category: Baby food Recipes

आटे का हलुआ बनाने की विधि

By: Salan Khalkho | 3 min read

आटे का हलुवा इतना पौष्टिक होता है की इसे गर्भवती महिलाओं को खिलाया जाता है| आटे का हलुआ शिशु में ठोस आहार शुरू करने के लिए सबसे बेहतरीन शिशु आहार है। आटे का हलुवा शिशु के लिए उचित और सन्तुलित आहार है|

आटे का हलुआ शिशु आहार

आटे का हलुआ शिशु में ठोस आहार शुरू करने के लिए सबसे बेहतरीन शिशु आहार है। शिशु में नया आहार शुरू करते वक्त उन्हें एक बार में एक ही आहार देना चाहिए। आटे का हलुआ बनाने के लिए सिर्फ एक ही ingredient  का इस्तेमाल होता है - और एक 6 माह के शिशु आहार का ये सबसे महत्वपुर गुण है। बच्चे कोई भी नया आहार पहली बार दें तो तीन दिवसीय नियम का पालन अवश्य करें। 

बाजार में तरह-तरह के आटे पे आधारित शिशु आहार उपलब्ध हैं। आटे का हलुवा उन सब से कहीं बेहतर है। इसे आप घर पे बना सकते हैं, बेहतरीन और उत्तम quality के गेहूं के आटे का इस्तेमाल कर के। 



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आटे का हलुवा से सम्बंधित जरुरी बातें:

  1. बच्चे का उम्र: 6 माह के बच्चों के लिए
  2. पौष्टिक तत्त्व:  प्रोटीन, मैग्नीशियम और फाइबर 
  3. सावधानी बरतें: छोटे बच्चों को गेहूं से एलेर्जी का खतरा रहता है इसीलिए शुरू में थोड़स ही दें  

आटे का हलुवा का फायेदे (benefits of aata ka haluva)

आटे का हलुवा इतना पौष्टिक होता है की इसे गर्भवती महिलाओं को खिलाया जाता है। - इसी बात से आप अंदाजा लगा सकते हैं। जितना हो सके बाजार के शिशु आहार को इस्तेमाल ना करें। जब तक बच्चा एक साल का ना हो जाये उसे उसके आहार में नमक और चीनी ना दें (या बहुत कम दें)। बच्चों को अलग से नमक और चीनी की आवश्यकता नहीं होती है। 

सामग्री (Ingredients)

  • 2 चम्मच आटा
  • आधा चमच शुद्ध देशी घी
  • 2 कप पानी 
  • 1 कप दूध

आटे का हलुआ बनाने की विधि - शिशु आहार (baby food)

  1. कड़ाई को गैस पे धीमी आंच पे चढ़ाएं।
  2. कड़ाई में घी डालें। थोड़ा गरम हो जाने पे उसमे आटा डालें।
  3. आटे को लगातार चलाते रहें ताकि वो जले नहीं और अच्छी तरह भून जाये।  
  4. एक बार जब आटा अच्छी तरह भून जायेगा तब उसमे से अच्छी महक आने लगेगी। 
  5. जब आटा भून जाये तो उसमे पानी और दूध डाल दें।
  6. खौलाते रहें जब तक की आवश्यकता अनुसार गाहड़ा ना हो जाये। बहुत ज्यादा गाहड़ा ना होने दें क्योँकि ठंडा होने पे वो खुद-ब-खुद गाहड़ा (thick consistency) हो जायेगा। 
  7. एक बार जब आटे का हलुवा ठंडा हो जाये तब बच्चे को खिलाएं। 

आटे का हलुवा बनाते वक्त आप यह भी कर सकते हैं

  1. आप चाहें तो आटे का हलुवा बनाते वक्त उसमे केले का प्यूरी या applesauce भी दाल सकते हैं। इससे आटे का हलुवा थोड़ा मीठा बनेगा। 
  2. हलुवा बनाने के बाद सबसे अंत में आप उप्पर से थोड़ा शुद्ध देशी घी भी डाल सकते हैं। 
  3. जब आप का बच्चा 8 महीने का हो जाये तब आप आटे का हलुवा बनाते वक्त उसमे इलायची पाउडर भी डाल सकते हैं। इससे स्वाद और जायका दोनों बढ़ जायेंगे। 
  4. बच्चे के 8 महीने होने के बाद आप किशमिश भी उसके हलुवे में डाल सकती हैं। 
  5. जब आप का बच्चा एक साल का हो जाये तब आप हलुवा बनाते वक्त हलुवे में काजू और बादाम भी डाल सकती हैं। 

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